टमाटर 32 दिन की अवस्था
टमाटर की फसल में 32 दिन की अवस्था बहुत ही महत्वपूर्ण होती है क्योंकि यह वानस्पतिक विकास (Vegetative Growth) और फूल आने की शुरुआत (Flowering Stage) दोनो का समय रहता है। इस समय ‘डीपी 98’ (Phosphorus और Potash) और ‘अल्बर्ट सोल्यूशन’ (12 पोषक तत्व) का उपयोग आपकी फसल के लिए एक “पावर डोज़” की तरह काम करेगा।
- जड़ तंत्र और सफेद जड़ों का विकास (White Roots)
- Phosphorus (P) का कमाल : ‘डीपी 98’ में मौजूद उच्च फास्फोरस जड़ों के विस्तार के लिए जिम्मेदार होता है। 32 दिन पर नई सफेद जड़ों (Feeding Roots) का निकलना बहुत जरूरी है ताकि पौधा जमीन से पोषकतत्व उठा सके।
- फायदा : जड़ें जितनी गहरी और घनी होंगी, पौधा उतना ही मजबूत होगा और तेज हवा या भारी फल के वजन को सह पाएगा।
- फूलों की सैटींग और झड़ना रोकना (Flower Setting & Dropping)
- अल्बर्ट सोल्यूशन का रोल : इसमें मौजूद सूक्ष्मपोषकतत्व (Micro-nutrients) जैसे बोरान और जिंक फूलों की गुणवत्ता सुधारते हैं।
- गलन से बचाव: अक्सर फास्फोरस और कैल्शियम की कमी से फूल कमजोर होकर गिर जाते हैं। ज्यादा/ हाई फास्फोरस स्प्रे और कैल्शियम पूर्ति फूलों के डंठल को मजबूती देता है, जिससे फूल झड़ने (Flower Drop) की समस्या कम होती है और ‘सैंटींग’ बेहतर होती है।
- फलों का आकार और गुणवत्ता (Fruit Size & Quality)
- शुरुआती नींव : हालांकि अभी फल छोटे होंगे या बन रहे होंगे, लेकिन इस अवस्था में दिया गया पोषण कोशिका विभाजन (Cell Division) को तेज करता है।
- फायदा : इससे आगे चलकर फलों का आकार एकसमान (Uniform Size) रहता है और फलों में चमक आती है।
- सडन गलन और रोगों से सुरक्षा
- संतुलित आहार: अल्बर्ट सोल्यूशन में सभी 12 पोषकतत्व होने के कारण पौधे की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) बढ़ती है।
- तनाव प्रबंधन: फास्फोरस पौधे को शुरुआती तनाव और मिट्टी से होने वाली बीमारियों के प्रति लचीला बनाता है।
मात्रा
स्प्रे
- डीपी 98 : 2 मिली प्रती लीटर पानी
जमीन से ,
- अल्बर्ट सोल्युशन : 4 किलो प्रती एकड़
सावधानी: स्प्रे करते समय ध्यान रखें कि मौसम साफ हो। दोपहर की तेज धूप की बजाय सुबह या शाम को स्प्रे करना सबसे बेहतर होता है ताकि पत्तियों पर ” स्कोर्चिंग” (जलन) न आए। जमीन से अल्बर्ट सोल्यूशन देते समय मिट्टी में पर्याप्त नमी (Moisture) होना अनिवार्य है।


