अनार के फलों के आकार, गुणवत्ता और पैदावार को बेहतर बनाने में कैल्शियम (Calcium) और बोरान (Boron) अहम भूमिका निभाते हैं। ये दोनों पोषकतत्व मुख्य रूप से फलों को टूटने (Fruit Cracking) से बचाते हैं, जिससे फल अपना पूरा आकार ले पाता है।
कैल्शियम की भूमिका
- कोशिका भित्ति को मजबूत बनाना: कैल्शियम एक महत्वपूर्ण तत्व है जो पौधों की कोशिका भित्ति (cell wall) और झिल्ली (membrane) को मजबूत बनाता है। यह कोशिकाओं को आपस में चिपकाएं रखता है, जिससे फल का छिलका मजबूत और लचीला बनता है।
- फल टूटने की समस्या से सुरक्षा: जब फल का छिलका मजबूत होता है, तो वह अंदर तेजी से बढ़ते गूदे (arils) के दबाव को आसानी से झेल सकता है और फटने से बच जाता है। कैल्शियम फल के क्रैकिंग की समस्या को कम करने में बेहद कारगर होता है।
- फल की गुणवत्ता में सुधार: फल के आकार को सीधे तौर पर बढ़ाने के अलावा, कैल्शियम फल के भीतर रासायनिक संरचना को भी बेहतर बनाता है। यह फल में घुलनशील ठोस पदार्थों (TSS – Total Soluble Solids) की मात्रा को बढ़ाता है, जिससे फल अधिक मीठा और स्वादिष्ट बनता है।
बोरान की भूमिका
- कोशिका भित्ति का विकास: बोरान एक आवश्यक सूक्ष्मपोषकतत्व है जो कोशिका भित्ति के विकास और संरचनात्मक अखंडता में योगदान देता है। यह पैक्टिन (pectin) के साथ मिलकर कोशिका भित्ति की मजबूती और सछिद्रता (porosity) को नियंत्रित करता है।
- छिलके में नमी बनाए रखना: बोरान का एक प्रमुख कार्य फल के छिलके में नमी (peel moisture) की मात्रा को बढ़ाना है। जब छिलका नम रहता है, तो वह सूखकर भुरभुरा नहीं होता और फल के बढ़ने के साथ-साथ फैल सकता है, जिससे फटने की संभावना कम हो जाती है ।
- शर्करा का स्थानांतरण: यह तत्व पौधे में शर्करा (sugars) के स्थानांतरण और कोशिका भित्ति निर्माण में मदद करता है, जिससे फल का विकास सही ढंग से हो पाता है।
- फल के आकार और गुणवत्ता पर प्रभाव: बोरान के प्रयोग से फल का आकार, वजन, लंबाई और गूदे में विटामिन सी (ascorbic acid) की मात्रा बढ़ती है, जिससे फल की गुणवत्ता में सुधार होता है ।
स्प्रे:
- कैलमेक्स गोल्ड : 2 मिली प्रती लीटर पानी
जमीन से:
- मार्क सोल्युशन : 5 किलो प्रती एकड़ ( बोरोनेटेड कैल्शियम नाईट्रेट)
- बोरान : 250 ग्राम प्रती एकड़https://youtube.com/shorts/gGE1-3WgLNE?feature=share


